बुधवार को याचिकाकर्ता केपी गंगवार अदालत पहुंचे, रुद्रपुर में किच्छा स्थित चंद्रदेव मंदिर पर कब्जा करने को लेकर हुआ था महिला व पुजारी पर हमला
रुद्रपुर। किच्छा रोड चंद्रदेव मंदिर पर कब्जे को लेकर हुई मारपीट का मामला सिविल जज गुंजन सिंह की अदालत में पहुंच गया है। अदालत ने रुद्रपुर विधायक शिव अरोरा समेत नौ लोगों को सम्मन जारी कर 23 जनवरी को अदालत में पेश होने के आदेश दिए हैं। पहाड़गंज क्षेत्र निवासी
केपी गंगवार इस मामले को लेकर अदालत पहुंचे। उन्होंने अदालत को बताया कि मंदिर का मामला पहले से सिविल जज की अदालत में विचाराधीन है। न्यायालय ने चार अक्तूबर तक भूखंड या उसमें बने मंदिर पर कब्जा करने से रोके जाने के स्टे ऑर्डर दिए हैं। नियम 26 जनवरी तक प्रभारी है। अदालत ने पूर्व में विपक्षीगणों, उनके रिश्तेदारों को कब्जे वाली जगह पर जाने पर प्रतिबंधित किया था। उन्होंने अदालत को बताया कि राजनीतिक प्रभार में कुछ लोग मंदिर पर कब्जा करने का प्रयास कर रहे हैं। 21 दिसंबर को कब्जा करने वालों ने उनकी पत्नी व मंदिर के पुजारी के साथ मारपीट की। आरोप लगाया कि विधायक के सामने ये सब हुआ। उनका आरोप है कि कुछ लोगों से राजनीतिक लोगों की नजदीकियां हैं। बुधवार को इस मामले में सिविल जज ने विधायक समेत नौ लोगों को सम्मन जारी कर अदालत में पेश होने काे कहा है।
मारपीट की जांच रंपुरा चौकी इंचार्ज को सौंपी
रुद्रपुर। सीओ सिटी प्रशांत कुमार ने बताया कि पुलिस ने मारपीट के मामले की जांच शुरू कर दी है। उन्होंने बताया कि मंगलवार को केपी गंगवार ने कोतवाली में विधायक समेत नौ के खिलाफ तहरीर सौंपी थी। सीओ सिटी ने जांच रंपुरा चौकी इंचार्ज कविंद्र शर्मा के सौंप दी गई है।
