देहरादून। उत्तराखंड में दीपावली के उल्लास के बीच मौसम करवट लेने जा रहा है। पहाड़ों में जहां बारिश और ऊंचाई वाले इलाकों में बर्फबारी की संभावना जताई गई है, वहीं मैदानी क्षेत्रों में मौसम शुष्क रहने का अनुमान है। मौसम विभाग के अनुसार, 8 और 9 नवंबर को प्रदेश के पांच पर्वतीय जिलों में बहुत हल्की से हल्की बारिश हो सकती है। इसके साथ ही 3300 मीटर से अधिक ऊंचाई वाले क्षेत्रों में बर्फबारी के आसार हैं। मौसम में संभावित बदलाव से पहाड़ों में ठंड बढ़ने और ऊंचाई वाले क्षेत्रों में तापमान में गिरावट आने की संभावना है।

मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार, उत्तरकाशी, रुद्रप्रयाग, चमोली, बागेश्वर और पिथौरागढ़ में कहीं-कहीं हल्की बारिश हो सकती है। विशेष रूप से ऊंचाई वाले इलाकों में बर्फबारी होने से पहाड़ों की चोटियां बर्फ की सफेद चादर से ढक सकती हैं। दीपावली के दौरान पहाड़ों में घूमने जाने वाले पर्यटकों और स्थानीय लोगों को मौसम के बदलाव को देखते हुए सतर्क रहने की जरूरत है। एक ओर पर्वतीय जिलों में मौसम बदलने के आसार हैं, वहीं दूसरी ओर देहरादून समेत प्रदेश के मैदानी इलाकों में मौसम शुष्क रहने का अनुमान है। राजधानी दून में इन दिनों तेज धूप खिलने से तापमान में बढ़ोतरी दर्ज की जा रही है। हालांकि घाटियों में कहीं-कहीं सुबह और रात के समय कोहरा छाने की संभावना जताई गई है। ऐसे में प्रदेश के अलग-अलग क्षेत्रों में मौसम का मिला-जुला असर देखने को मिल सकता है। मौसम के बदलाव के बीच नैनीताल से एक चिंताजनक खबर सामने आई है। दोस्तों के साथ घूमने आया बिहार का एक युवक नैना पीक की पहाड़ी से रहस्यमय परिस्थितियों में लापता हो गया है। दूसरे दिन भी उसका कोई सुराग नहीं मिल सका। लापता युवक की पहचान बिहार के मुंगेर जिले के पहरपुर निवासी अर्नव सिंह के रूप में हुई है। वह भीमताल स्थित ग्राफिक एरा कॉलेज का छात्र है। जानकारी के अनुसार, शुक्रवार को उसके गांव के तीन दोस्त आलोक राज, ओम जी और ऐश्वर्य राज उससे मिलने पहुंचे थे। चारों दोस्त हल्द्वानी में ठहरने के बाद नैनीताल घूमने आए। शुक्रवार दोपहर करीब दो बजे चारों नैना पीक की ट्रैकिंग पर निकले थे। शाम करीब चार बजे लौटते समय अर्नव कुछ दूरी पर पीछे रह गया। जब काफी देर तक वह दोस्तों को दिखाई नहीं दिया तो उन्होंने जंगल में उसकी तलाश शुरू कर दी। आवाज लगाने और राहगीरों से पूछताछ के बावजूद उसका कोई पता नहीं चला। इसके बाद पुलिस को सूचना दी गई। सूचना मिलते ही पुलिस, राज्य आपदा प्रतिवादन बल (एसडीआरएफ), वन विभाग और अग्निशमन विभाग की टीमें तलाश में जुट गईं। शुक्रवार देर रात तक जंगल में खोजबीन की गई। शनिवार सुबह दोबारा तलाशी अभियान शुरू किया गया, लेकिन देर शाम तक सफलता नहीं मिली। युवक के परिजनों को भी सूचना दे दी गई है। मल्लीताल कोतवाली के प्रभारी निरीक्षक राजेंद्र सिंह रावत के अनुसार, दोस्तों से पूछताछ की गई है और युवक की तलाश लगातार जारी है। एक तरफ दीपावली पर पहाड़ों में बारिश और बर्फबारी की संभावना पर्यटकों के लिए आकर्षण बढ़ा सकती है, वहीं नैना पीक में युवक के लापता होने की घटना ने पर्वतीय पर्यटन स्थलों पर सुरक्षा और सावधानी का सवाल भी खड़ा कर दिया है। ऐसे में ट्रैकिंग पर जाने वाले लोगों को निर्धारित रास्तों पर चलने, समूह से अलग न होने और मौसम की जानकारी लेकर ही यात्रा करने की जरूरत है।



